आर्यावत पत्रकार संघ ने रविवार को पत्रकार एकता और संगठन शक्ति का बहुत उम्दा कार्यक्रम में सेकडों पत्रकारों ने भाग लेकर एकजुटता का परिचय दिया ।*
शुन्य से शिखर तक का ग्रामीण अंचल से संकल्प - सदैव पत्रकार हित के लिए समपर्ण से सभी टीम एकता के कार्य करेगी ।
*आर्यावत पत्रकार संघ ने रविवार को पत्रकार एकता और संगठन शक्ति का बहुत उम्दा कार्यक्रम में सेकडों पत्रकारों ने भाग लेकर एकजुटता का परिचय दिया ।
* राजू गजभिये रिपोर्टर*
आजकल पत्रकार संघ के सम्मेलन , कार्यक्रम बड़े होटल या अच्छे सुविधाजनक जगह पर होते हैं , परन्तु शुरुवात गांव से करते हुऐ झाबुआ जिले के छोटे से ग्राम पंचायत परवलिया में आर्यावत पत्रकार संघ ने रविवार को पत्रकार एकता और संगठन शक्ति का बहुत उम्दा कार्यक्रम से चहुंऔर आवाज गुंज अब प्रदेश नही , देशभर सुनाई देगी । आर्याव्रत पत्रकार संघ द्वारा आयोजित ‘‘उडान‘‘ पत्रकार मिलन एवं प्रतिभा सम्मान समारोह में मध्यप्रदेश और राजस्थान के विभिन्न जिलों से सेकडो पत्रकारों ने भाग लेकर एकजुटता , सम्मान और संघटन के नए संकल्प को मजबूती प्रदान की । आयोजन का शुभारम्भ
मां शारदा के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ । अतिथियों एवं पत्रकारों का तिलक लगा कर आत्मीय स्वागत किया गया । आयोजन में राष्ट्रीय संरक्षक दिलीपसिंह चैहान , राष्ट्रीय अध्यक्ष धमेंद्र अग्निहोत्री , वरिष्ठ उपाध्यक्ष सलीम शेरानी , राष्ट्रीय सचिव कमलसिंह सोलंकी , राष्ट्रीय महासचिव राकेश सिंह चैहान , प्रदेश अध्यक्ष विजय नीमा , प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटिदार सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी एवं वरिष्ठ पत्रकार उपस्थित रहे । पत्रकारों की ताकद संगठन और समर्पण में हैं अग्निहोत्री राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अपने संबोधन में कहा कि संगठन केवल नाम और सदस्य संख्या से नही , बल्कि अपने कार्यो और सक्रियता से पहचाने जाते हैं । आर्याव्रत पत्रकार संघ देशभर के पत्रकारों के लिए एक डिजिटल प्लेटफार्म तैयार कर रहा हैं । जिसमें पत्रकारों का प्रमाणित डाटा उपलब्ध रहेगा और जरुरत के समय उन्हें संगठनात्मक सहायता मिल सकेगी । कुछ संगठन लाखों सदस्यों का दावा करते हैं । लेकिन घरातल पर शुन्य हैं । आर्याव्रत पत्रकार संघ का एक – एक पत्रकार हजार पत्रकारों के बराबर हैं । हमारी ताकद संख्या नहीं , बल्कि संगठन , समर्पण और संघर्ष की भावना हैं । पत्रकारो के सम्मान , सुरक्षा , मुलभूत सुविधाओं और आकस्मिक सहायता के लिए संगठन हमेशा अग्रणी भूमिका निभाएगा ।
एक ग्रामीण अंचल से शुरु हुई पहल , राष्ट्रीय पहचान की और बढ़ता संगठन शेरानी ने कहा कि संघ के पहले बड़े सम्मेलन का गांव से प्रारंभ होना और उसमें इतनी बड़ी संख्या में पत्रकारों की भागीदारी संगठन के उज्ज्वल भविष्य का संकेत हैं । उन्होने कहा कि यह आयोजन साबित करता हैं कि पत्रकारों की एकता किसी बड़े शहर की मोहताज नही हैं । साथ ही कमल सिंह सोलंकी , दिलीप सिंह चैहान ,राकेश सिंह चैहान ने भी संबोधित किया । ग्रामीण प्रतिभाओं को मिला सम्मान का मंच समारोह में ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाओं को सम्मानित कर उनकी उपलब्धियों को नई पहचान दी गई । कक्षा 10 वीं की सुमन प्रभु भूरिया , कक्षा 12 वीं के प्रदीप प्रेमसिंह निनामा , उभरती प्रतिभा रितिका पाटीदार , अधिवक्ता मयूरी राजू धानक , कवि आशीष नागर तथा सोशल मीडिया क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले राकेश डाबी एवं प्रफुल्ल धामनिया सहित कई प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया । इसके साथ ही कार्यक्रम में उपस्थित पत्रकारों का भी सम्मान कर उन्हें स्मृति चिन्ह स्वरुप बैग भेंट किए गए । आयोजन को सफल बनाने में जिला उपाध्यक्ष विवेक व्यास , तहसील अध्यक्ष धीरज वाघेला निभाई , कार्यक्रम का संचालन प्रदेश प्रवक्ता महेश पाटिदार एवं पवन नाहर ने किया , आभार तहसील अध्यक्ष धीरज वाघेला ने किया । पत्रकार संघ का मुख्य कार्य पत्रकारों के अधिकारों की रक्षा करना, प्रेस की स्वतंत्रता को बनाए रखना, और मीडिया कर्मियों के हितों के लिए आवाज़ उठाना है। यह संघ पत्रकारों के लिए एक मजबूत मंच के रूप में कार्य करता है ताकि वे बिना किसी दबाव के स्वतंत्र रूप से काम कर सकें।
- · अधिकारों व स्वतंत्रता
की सुरक्षा: पत्रकारों की अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करना और उन्हें सरकारी या बाहरी दबावों, उत्पीड़न और हिंसा से बचाना।
· व्यावसायिक हित और कल्याण: मीडिया कर्मियों के वेतन, कार्य की परिस्थितियों, बीमा (health insurance), और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सरकार व प्रबंधन के साथ बातचीत करना।
· कानूनी सहायता: किसी खबर या रिपोर्टिंग के कारण यदि किसी पत्रकार पर कोई कानूनी मुकदमा या विवाद होता है, तो संघ द्वारा उसे कानूनी सहायता प्रदान की जाती है।
· आचार संहिता का पालन: पत्रकारों को नैतिक और पेशेवर मानकों (ethical standards) का पालन करने के लिए प्रोत्साहित करना।
· प्रशिक्षण और विकास: पत्रकारों के कौशल को बढ़ाने के लिए समय-समय पर कार्यशालाओं (workshops) और सेमिनारों (seminars) का आयोजन करना।
· समस्याओं का समाधान: पत्रकारों की विभिन्न समस्याओं (जैसे मान्यता, आवास, या पेंशन) को प्रशासन और शासन तक पहुँचाना और उनका समाधान खोजना।